कुछ बिखरे मोती
Thursday, 5 March 2020
सोलह
"तुमने प्यार से क्या छुआ,
कमबख़्त दिल फिर से सोलह का हो गया.
"
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सांसें
"गरम साँसों में लपेट कर, कुछ रातें रखीं हैं, ...
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